कोष्टा कोष्टी महासंघ द्वारा राष्ट्रीय हथकरघा दिवस-2026 समारोह का भव्य एवं गरिमामय सफल आयोजन ऑनलाइन संपन्न : समाज के उत्कृष्ट बुनकर "कोष्टा-कोष्टी महासंघ गौरव सम्मान” से हुए सम्मानित
- gkdewangan18
- Aug 8
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भिलाई ( देवांगन टाइम्स)। कोष्टा कोष्टी महासंघ के तत्वावधान में राष्ट्रीय हथकरघा दिवस-2026 का भव्य एवं गरिमापूर्ण समारोह का ऑनलाइन आयोजन सफलता पूर्वक संपन्न हुआ। समारोह के मुख्य अतिथि महिपाल सिंह, डिप्टी वाइस प्रेसिडेंट, एचडीएफसी बैंक थे। समारोह की अध्यक्षता राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष चतुर्भुज कोष्टा ने की।
इस अवसर पर महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेश कुमार कोष्टा, महासचिव शैलेन्द्र कुमार परेता, सलाहकार निर्मल कोष्टा, दिलीप वर्मा, छत्तीसगढ़ प्रतिनिधि घनश्याम कुमार देवांगन सहित दिल्ली, झांसी, अहमदाबाद, सिवनी, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, वारासिवनी, बालाघाट, गाडरवारा, बुरहानपुर, नागपुर, मुंबई, बेंगलुरु एवं झारखंड सहित देश के विभिन्न क्षेत्रों की समितियों एवं सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
इस अवसर पर कोष्टा कोष्टी महासंघ द्वारा स्थापित दो महत्वपूर्ण निदेशालयों डायरेक्टरेट–एम्प्लॉयमेंट निदेशक महिपाल सिंह, एवं डायरेक्टरेट–एजुकेशन निदेशक रविकांत सिद्धे के अंतर्गत एआई कार्यक्रम (स्किल डेवलपमेंट) का शुभारंभ किया गया। वर्तमान समय में एआई के बढ़ते महत्व को देखते हुए एआई विशेषज्ञ रविकांत सिद्धे के द्वारा कार्यक्रम में इसकी उपयोगिता एवं लाभ बताकर विस्तृत जानकारी दी गई।। यह भी बताया गया कि शीघ्र ही समाज के लोगों के लिए एआई पर स्किल डेवलपमेंट के अंतर्गत प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
इस अवसर पर हथकरघा एवं बुनकरी के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले बुनकर समाजबंधुओं को महासंघ द्वारा “कोष्टा-कोष्टी महासंघ गौरव सम्मान” से सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वाले बुनकरों में रमेश कोल्हे बालाघाट, श्रीमती राजवंती पखाले वारासिवनी, विनोद कुमार कोष्टा कालपी, बबलू गढ़ेवाल छिंदवाड़ा, लवलेत पराते छिंदवाड़ा, शिवप्रसाद पराते छिंदवाड़ा, मिट्ठूलाल गरकाटे नागपुर एवं जुलाराम सोनकोसरे नागपुर शामिल हैं।
सम्मानित बुनकरों ने भी अपने विचार व्यक्त कर पारंपरिक व्यवसाय बुनकरी पर अपने अनुभव शेयर किए।
महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेश कुमार कोष्टा ने अपने संबोधन में कहा कि हथकरघा हमारी समृद्ध विरासत, पहचान और कौशल का प्रतीक है। हमें अपनी परंपरा का निर्वहन करते हुए आधुनिक तकनीकों को भी अपनाना होगा।
सलाहकार निर्मल कोष्टा ने कहा कि युवा एवं महिलाओं सहित समाज के सभी लोग आधुनिक कौशल अपनाएं तथा शिक्षा व तकनीक के माध्यम से समाज को समृद्ध बनाते हुए नई ऊंचाइयों तक पहुंचाएं। समारोह को अन्य अतिथियों एवं पदाधिकारियों ने भी संबोधित करते हुए राष्ट्रीय हथकरघा दिवस की बधाई दी एवं संगठित होकर आगे बढ़ने हेतु प्रेरित किया। समारोह के अंत में सुरेश बारापात्रे ने आभार प्रदर्शन किया।



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